पटना
सोनपुर विधानसभा क्षेत्र से रोहिणी आचार्य राजद के टिकट पर चुनाव लड़ सकती हैं । सूत्रों की माने तो इसकी तैयारी शुरू कर दी गयी है। लोकसभा क्षेत्र से मामूली अंतर से 2024 में रोहिणी सारण से चुनाव हार गई।
रोहिणी आचार्य के लिए सोनपुर का ही चुनाव क्यों किया गया है क्योंकि सोनपुर सबसे ज्यादा सेफ सीट है लोकसभा चुनाव के दौरान भी रोहिणी सोनपुर से लीड लेने में सफल रही थी। हालांकि लगातार दो बार से चुनाव जीत रहे राजद के डॉक्टर रामानुज राय का भी इस सीट पर दावा है, जबकि अपने पिता पूर्व विधायक स्वर्गीय सिपाही राय की विरासत को लेकर राजन कुमार राय पिछले 10 वर्षों से खूब पसीना बहा रहे हैं क्षेत्र में लोकप्रिय भी हैं लोगों के सुख-दुख के भाग भी पर जैसे ही रोहिणी का नाम आता है राजद में तमाम नाम धूमिल नजर आने लगते हैं। सोनपुर विधानसभा क्षेत्र के घर-घर में रोहिणी आचार्य की चर्चा है।
लोकसभा चुनाव के दौरान भी रोहिणी ने सबसे ज्यादा पसीना सोनपुर में बहाया था और जिस तरह का क्रेज सोनपुर में देखने को मिला था वह वोट में भी तब्दील हुआ। अपने पिता लालू प्रसाद यादव के लिए अपनी एक किडनी दान करने वाली रोहिणी आचार्य को 2025 के विधानसभा चुनाव में उतारने के लिए राजद के बड़े रणनीतिकार भी समर्थन करते दिख रहे हैं। फिलहाल राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की तबीयत खराब है इस कारण से पूरा ध्यान उधर ही केंद्रित है पर राजद ने अपने संभावित उम्मीदवारों को विधानसभा में गतिविधियां तेज करने का टास्क दे रखा है पिछली बार सारण जिले के अंतर्गत आने वाली 10 सीटों में से 7 सीट महागठबंधन के पास थी। जिसमें से 6 सीट आरजेडी ने जीता था।















