कभी भी भगवान की शरण मत छोड़ना, अपने भी कभी दिन आएंगे : बागेश्वर बाबा

गोपालगंज

का हाल बा, ठीक बा; गोपालगंज में बागेश्वर बाबा का दिखा बिहारी अंदाज, बोले- यहां आकर एनर्जी बढ़ जाती है

बिहार के गोपालगंज में बागेश्रर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र शास्त्री का कार्यक्रम चल रहा है। पांच दिनों की हनुमत कथा कहने के लिए बागेश्वर बाबा पधारे हैं। बिहार आकर वे यहां के रंग में रंग गए हैं। कथा कहते कहते वे भोजपुरी में बात करने लगते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार आकर उनकी एनर्जी बढ़ जाती है। ठेठ बिहार अंदाज में उन्होंने भक्तों से कहा- हम भी खूब ठीक बा।

कथा सुन रहे भक्तों को संबोधित करते हुए बागेश्वर बाबा ने कहा कि राम जी जैसे रखेंगे वैसे रहना ही पड़ेगा, और कर भी क्या लोगे। जब रहना ही है उनकी कृपा से तो पहले ही सरेंडर कर हो जाओ। बिहार के लोगों को भक्ति में पागल बताते हुए उन्होंने कहा कि जो पहले ही राम जी का हो जाएगा उसे कौन हरा सकता है। इसी दौरान उन्होंने सबसे पूछा- का हाल बा, सब ठीक बा ना, ठीक बानी रउआ सभे, तो हम भी खूब ठीक बा। हम तो बिहार में आके फुल एनर्जी में हो जाते हैं। बहुत आनंद आता है।

अपने पुराने दिनों को याद करते हुए भावुक हो गए। उन्होंने बताया कि एक समय ऐसा था जब परिवार में शादी के कार्ड में पिताजी का नाम नहीं लिखते थे। सोचते थे कि फटे कपड़े पहनकर पहुंच आएंगे तो उनकी इज्जत खराब हो जाएगी। तब हमारी मां कहती थी कि कभी भी भगवान की शरण मत छोड़ना, अपने भी कभी दिन आएंगे। और ऐसा ही हुआ।

उन्होंने कहा कि अमीरों के तो लाखों गुरु होते हैं, मित्र होते हैं लेकिन, गरीबों के मित्र भगवान ही होते हैं। उनके घर में देर है, अंधेर नहीं है। जगत रूठ जाए तो कोई बात नहीं पर भगवान नहीं रूठने चाहिए। बागेश्वर बाबा की कथा को लेकर बिहार में राजनीति भी हो रही है। राजद विधायक मुकेश रौशन ने कहा कि चुनाव के समय उन्माद फैलाने आए हैं। दूसरी ओर एनडीए के विधायक बाबा के समर्थन में उतर आए हैं।

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