मुज़फ्फरपुर
मुजफ्फरपुर के रेलवे स्टेशन कैंपस में शुक्रवार को हजारों की संख्या में लोगों ने हनुमान चालीसा का पाठ किया। हिन्दू संगठनो ने मुजफ्फरपुर जंक्शन पर मंदिर हटाए जाने के विरोध में आज मुजफ्फरपुर बंद किया था। इसके अलावा उन्होंने आक्रोश मार्च भी निकाला। हजारों की संख्या में युवक, युवती और बुजुर्ग एक साथ मंदिर वहीं बनायेंगे का नारा लगाते हुए स्टेशन आये। यहां बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ एसएसपी सुशील कुमार मौजूद थे। इसके बाद संगठन के लोगों ने एसएसपी से सामूहिक हनुमान चालीसा पढ़ने की मांग की जिसे प्रशासन ने मान लिया। इसके बाद सभी लोग हनुमान चालीसा पढ़ने लगे। इतनी बड़ी संख्या में आये लोगों ने शांतिपूर्वक अपनी बात रखी और लॉ एंड आर्डर का कोई मसला खड़ा नहीं होने दिया।
हिंदू संगठनों ने विरोध में आज मुजफ्फरपुर शहर को बंद रखने का आह्वान किया। बंद का असर भी दिखा। शहर की ज्यादातर दुकानें बंद रही। हिंदूवादी संगठन के सदस्य जुलूस के रूप में मुजफ्फरपुर की सड़कों पर निकले। इसे लेकर भारी संख्या में सुरक्षा बलों की भी तैनाती की गई थी।
मुजफ्फरपुर जंक्शन पर वर्ल्ड क्लास रेलवे स्टेशन का काम चल रहा है। जिसे लेकर 10 दिन पहले मंदिर को हटाया गया है।
हिंदूवादी संगठन के नेता विपुल कुमार ने बताया, ‘हमने रेलवे से मांग की है कि मंदिर की पुनर्स्थापना कराई जाए, जो मंदिर की पुरानी मूर्तियां हैं उसे लौटाया जाए और मंदिर के लिए 5 कट्ठा जमीन दी जाए। ऐसा नहीं हुआ तो आने वाले वक्त में रेलवे का चक्का भी जाम करेंगे।’
स्मार्ट सिटी के तहत मुजफ्फरपुर स्टेशन का हो रहा निर्माण
बताया जा रहा है कि अमृत योजना के तहत मुजफ्फरपुर में वर्ल्ड क्लास स्टेशन का निर्माण किया जा रहा है। इसमें मंदिर बाधक बन रहा था, जिस कारण से इसे 10 मार्च की रात को तोड़ा गया था। अगले दिन यानी 11 मार्च से अलग-अलग हिन्दू संगठन के लोग प्रदर्शन कर रहे थे। आज ये मामला उग्र हो गया।
स्थानीय लोगों की माने तो ये मंदिर 1947 से स्टेशन कैंपस में बना हुआ था। मंदिर का नाम कुली और दुर्गा मंदिर था। दोनों मंदिरों में पंचमुखी हनुमान जी थे। शिव परिवार है। दुर्गा मां की अष्टधातु की मूर्ति थी, जो 2 करोड़ की है। गणेश जी की भी मूर्ति थी।
SP बोले- शांतिपूर्ण रहा प्रदर्शन
SP सुशील कुमार ने बताया-
”हिंदू संगठनों की ओर से विरोध प्रदर्शन किया गया था। प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा। किसी भी तरह की कोई अशांति नहीं फैली है। इस दौरान पुलिस बल की तैनाती की गई थी। हमने उन लोगों की बात भी सुनी है। उनकी मांगों को आगे पहुंचाया जाएगा।”
कारोबारियों ने खुद ही बंद कर लिया दुकान
हिन्दू संगठन के नेता वैभव मिश्रा ने बताया- ‘रेलवे प्रशासन द्वारा हमारे मंदिर को तोड़ दिया गया। अष्टधातु की 2 करोड़ की मूर्तियों चोरी कर ली गई। आज इसके विरोध में मुजफ्फरपुर हिंदू संगठन के कार्यकर्ता और लोग सड़कों पर उतरे हैं। शहर के प्रमुख मार्केट सरैया गंज टावर, सोनार पट्टी, अखाड़ा घाट रोड, कल्याणी और छोटी कल्याणी में सैकड़ों दुकान कारोबारी दुकान बंद कर लिया।’
हालांकि, पुलिस का कहना है कि मूर्ति चोरी नहीं हुई है। बल्कि मूर्ति प्रशासन के पास सुरक्षित है।
जंक्शन परिसर में RPF की तैनाती
शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए मुजफ्फरपुर पुलिस प्रशासन ने 67 जगह पर लगभग 700 पुलिसकर्मी की तैनाती की गई थी। इसके अलावा रेलवे पुलिस कर्मी जंक्शन के परिसर में तैनात किए गए थे।













